पाकुड़ । गुरुवार को 23- सितंबर को भारतीय स्टेट बैंक ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी) की ओर से आयोजित मनरेगा के 2018 -19 के लाभुकों का उन्नति परियोजना के तहत दस दिवसीय बकरी पालन प्रशिक्षण का समापन किया गया।प्रशिक्षण प्राप्त पाकुड़िया प्रखंड के लाभुकों को निदेशक आरसेटी पाकुड़ फुलजेन्स तिग्गा,जिला प्रबंधक(कौशल) जेएसएलपीएस पाकुड़ अखिल केरकेट्टा, वरिष्ठ संकाय सह कार्यक्रम समन्वयक आरसेटी पाकुड़ अमित कुमार बर्द्धन ने संयुक्त रूप से प्रमाणपत्र दिए।प्रशिक्षुओ को संबोधित करते हुए निदेशक आरसेटी फुलजेन्स तिग्गा ने कहा कि बकरी पालन एक रोजगारपरक कार्यक्रम हैं।प्रशिक्षण का लाभ उठाकर व्यव्साय करें एवं आत्मनिर्भर बने।साथ ही उन्होंने शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डाले। शिक्षा ही एकमात्र साधन है जिससे हम अपनी जीवन को बहुत उन्नत कर सकते हैं।आर्थिक विकास हेतु यथासंभव ऋण द्वारा मदद करने की बात कही।
अखिल केरकेट्टा ने कहा कि बकरी पालन ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं।मनरेगा के उन्नति परियोजना के तहत लाभुकों को बकरी पालन का प्रशिक्षण दिया गया।
सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए आरसेटी पाकुड़ के वरिष्ठ संकाय सह कार्यक्रम समन्वयक अमित कुमार बर्द्धन ने कहा कि प्रशिक्षुओ को बकरी के साथ साथ बैंकिंग, विपणन, वित्तीय समावेशन आदि से संबंधित जानकारी दी गई।इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में कुल 32 प्रशिक्षुओ को शामिल किया गया जिनमें से उन्नति के लाभुक 19 हैं।प्रशिक्षुओ को अगले दो सालों तक फॉलो अप किया जाएगा।प्रशिक्षण कार्यक्रम का मूल्यांकन नेशनल अकादमी ऑफ रुडसेटी द्वारा प्रतिनियुक्त श्री अरुण नाथ तिवारी व मनोज दे ने किए।इस कार्यक्रम के प्रशिक्षक सुश्री सुनीता हेम्ब्रम हैं।आज के कार्यक्रम में संकाय वापी दास व अन्य लोग मौजूद थे।