रामगढ़ । गोला दारू हड़िया का व्यापार छोड़ बनी स्वावलंबी माननीय मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन द्वारा राज्य स्तरीय कार्यक्रम में खुशबू देवी को किया गया है सम्मानित।
सरकार द्वारा संचालित योजनाओं के माध्यम से बड़ी संख्या में ग्रामीण क्षेत्रों में रह रहीं महिलाओं को दिया जा रहा है लाभ उपायुक्त माधवी मिश्रा।
रामगढ़ जिला अंतर्गत गोला प्रखंड के तोयर ग्राम की निवासी खुशबू देवी पिछड़े वर्ग से ताल्लुक रखती हैं। जीवन यापन करने के लिए पूर्व में वे अपने पति के साथ मेहनत मजदूरी का कार्य किया करती थी। आर्थिक जरूरतों को पूरा करने में सक्षम ना होने के कारण उन्हें दारू हड़िया का भी व्यापार करना पड़ता था। घर से ही दारू हड़िया का व्यापार करने के कारण उनके घर में शोर-शराबा तथा झगड़ा होना आम बात हो गई थी। उतने के बाद भी आमदनी उतनी नहीं हो पाती थी कि वे अपना परिवार का भरण पोषण अच्छे तरीके से कर सकें। ऐसे में उन्हें अपने बच्चों को अच्छी शिक्षा उपलब्ध कराने में भी काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था। आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं होने के कारण आकस्मिक परिस्थितियों में उन्हें पैसे के लिए दूसरों का मोहताज होना पड़ता था।
वर्ष 2016 में झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी के द्वारा तोयर गांव में चलाए गए ड्राइव के दौरान खुशबू देवी को तीन दिवसीय प्रशिक्षण में भाग लेने का मौका मिला। इस दौरान वो खुशी महिला समूह से जुड़ी। समूह से जुड़ने के उपरांत उन्हें ऋण उपलब्ध कराया गया जिसका उपयोग उन्होंने कृषि कार्यों में किया। कृषि कार्यों से उन्हें फायदा हुआ और धीरे-धीरे उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार आने लगा।
वहीं वर्ष 2021 में जेएसएलपीएस के द्वारा उन्हें फूलो झानो आशीर्वाद योजना की जानकारी दी गई। योजना के तहत खुशबू देवी को समूह के माध्यम से ₹10000 का ऋण उपलब्ध कराया गया जिसमें 1 वर्ष तक उन्हें किसी प्रकार का कोई ब्याज नहीं देना पड़ा। ऋण के माध्यम से प्राप्त पैसों से खुशबू देवी ने खाद्य सामग्रियों की दुकान खोली। जिससे उन्हें रोजाना 200 से 250 रुपये तक की आमदनी होने लगी। इसी दौरान खुशी महिला समूह के द्वारा उन्हें शुरुआती ग्रामीण उद्यमिता कार्यक्रम की जानकारी मिली। इस दौरान उन्होंने समूह के माध्यम से उद्यमिता बढ़ाने हेतु प्रशिक्षण प्राप्त किया तथा प्रतिमा देवी के समूह के माध्यम से उनके दुकान के व्यापार की योजना का प्रतिवेदन तैयार किया गया। तत्पश्चात खुशबू देवी को जेएसएलपीएस के शुरुआती ग्रामीण उद्यमिता कार्यक्रम परियोजना के तहत ₹30000 उपलब्ध कराए गए। जिसके माध्यम से उन्होंने अपने दुकान का विस्तार कर अन्य जरूरत की सामानों की भी बिक्री शुरू कर दी। इस कार्य में उनके पति ने भी उनका पूरा सहयोग किया। कड़ी मेहनत और लगन से वर्तमान में उन्हें प्रतिदिन 400 से 500 रुपए की आमदनी हो रही है। इस संबंध में खुशबू देवी ने कहा कि अब वे इतनी बचत कर ले रही है कि अपने बच्चों को अच्छी शिक्षा दे सके। इसके साथ ही अन्य लोगों को भी सरकार द्वारा चलाई जा रही महत्वाकांक्षी योजनाओं का लाभ लेने के प्रति जागरूक करने का भी कार्य कर रही है। फुलों झानो आशीर्वाद योजना का लाभ लेकर मुख्यधारा से जुड़ने एवं जीवन को बेहतर करने के लिए माननीय मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन द्वारा खुशबू देवी को राज्य स्तरीय कार्यक्रम में सम्मानित किया जा चुका है।
इस संबंध में बात करते हुए उपायुक्त माधवी मिश्रा ने कहा कि सरकार द्वारा विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से लगातार ग्रामीणों की आय में वृद्धि तथा उन्हें मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने हेतु कार्य किया जा रहा है। जेएसएलपीएस द्वारा स्वयं सहायता समूह की दीदियों के माध्यम से प्रभावी रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में काफी कार्य किया गया है जिसने बड़ी संख्या में महिलाओं की जिंदगियाँ बदली है।
वही डीपीएम जेएसएलपीएस श्री गौरव कुमार ने कहा कि वर्तमान में ग्रामीण क्षेत्रों में रह रही महिलाओं के आए में किस प्रकार से बढ़ोतरी की जाए इसके लिए वे और उनकी टीम योजनाबद्ध तरीके से कार्य कर रही है। फूलो झानो आशीर्वाद योजना के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में रह रही महिलाओं को आवश्यकता अनुसार ऋण उपलब्ध कराकर उन्हें मुख्यधारा से जोड़ते हुए रोजगार के अवसर प्रदान किए जा रहे हैं।
गौरतलब हो कि फुलों झानो आशीर्वाद योजना के तहत दारू तथा हड़िया के व्यापार से जुड़ी महिलाओं को मुख्यधारा में जोड़ने के उद्देश्य से ₹10000 तक का ऋण उपलब्ध कराया जाता है। जिनमें 1 वर्ष तक किसी भी प्रकार का कोई ब्याज नहीं लिया जाता है। इसके साथ ही उन्हें सरकार द्वारा संचालित अन्य योजनाओं तथा स्वयं सहायता समूह के माध्यम से भी लाभ दिया जाता है।