विगत वत्तीय वर्षों से लंबित योजनाओं को अगले 15 दिनों के अंदर समाप्त करें- उपायुक्त

गुमला | उपायुक्त गुमला शिशिर कुमार सिन्हा की अध्यक्षता में ग्रामीण विकास विभाग द्वारा गुमला जिलांतर्गत कार्यान्वित योजनाओं के कार्यों के प्रगति की समीक्षा हेतु बैठक विकास भवन सभागार में की गई।

बैठक में उपायुक्त ने वास प्लस के अद्यतन स्थिति की समीक्षा की। समीक्षा के दौरान पाया गया कि आवास प्लस हेतु जिलांतर्गत निर्धारित लक्ष्य 9057 के विरूद्ध 6078 लाभुकों का पंजीकरण हो चुका है। पंजीकृत लाभुकों में से 5953 लाभुकों के आवासों का जियो टैगिंग किया जा चुका है तथा जियो टैग किए गए आवासों में से 5845 आवासों की स्वीकृति दी गई है। किंतु मात्र 3682 लाभुकों का ही प्रथम किस्त के राशि का भुगतान किया गया है। इसपर उपायुक्त ने नाराजगी व्यक्त करते हुए सत्यापित खातों के प्रथम किस्त का भुगतान अविलंब सुनिश्चित करने का निर्देश सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों को दिया। प्रखंड विकास पदादिकारियों द्वारा लाभुकों के आधार असंतुलित होने की समस्या से उपायुक्त को अवगत कराया। इसपर उपायुक्त ने ऐसे लाभुकों के आधार कार्ड की सूची उपलब्ध कराने तथा लंबित राशि का भुगतान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने असंतुलित खातों का प्रतिवेदन समर्पित करते हुए शेष सत्यापित एवं त्रुटिरहित खातों का राशि भुगतान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। विदित हो कि प्रखंडवार असंतुलित खातों की संख्या लगभग 1500 है। इसके साथ ही आवास प्लस के लाभुकों के चयन के संबंध में उपायुक्त ने 08 अक्तूबर तक लाभुकों का चयन कर प्रतिवेदन उप विकास आयुक्त सह सदर अनुमंडल पदाधिकारी को समर्पित करने का निर्देश दिया।

मनरेगा योजनांतर्गत मानव कार्यदिवस सृजन के प्रगति की समीक्षा की गई। इस दौरान निर्धारित लक्ष्य के आधार पर 93 प्रतिशत प्रगति पाई गई। जिसपर उपायुक्त ने असंतोष व्यक्त करते हुए स्थिति में सुधार लाने का निर्देश दिया। वहीं मानव कार्यदिवस सृजन अंतर्गत महिलाओं की सहभागिता की समीक्षा के क्रम में महिलाओं की सहभागिता 41.81 प्रतिशत पाई गई तथा मनरेगा अंतर्गत अनुसूचित जनजाति/ अनुसूचित जाति की सहभागिता 57 प्रतिशत पाई गई। इसपर उपायुक्त ने सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों को मनरेगा योजनांतर्गत अधिकाधिक महिलाओं एवं अनुसूचित जाति/ अनुसूचित जनजातिय लाभुकों की सहभागिता सुनिश्चित करने पर जोर दिया।

विगत वित्तीय वर्षों से लंबित पड़ी योजनाओं की समीक्षा के क्रम में उपायुक्त ने प्रखंड विकास पदाधिकारियों को अभियान चलाकर वैसी योजनाएं जिसमें विगत 03 से 05 सालों से कार्य नहीं हुआ है, उसका आंकलन कर उन्हें समाप्त करने का निर्देश दिया। उन्होंने 15 दिनों के अंदर पुरानी योजनाओं को समाप्त करने का निर्देश दिया।

बैठक में झारखंड वीर शहीद पोटो हो खेल विकास योजना की समीक्षा की गई। समीक्षा के क्रम में पाया गया कि जिलांतर्गत उक्त योजना के तहत 80 निर्धारित लक्ष्य के आधार पर 73 खेल मैदानों की स्वीकृति की गई है। उपायुक्त ने राज्य सरकार की महत्वकांक्षी योजना को गंभीरता से लेने पर जोर दिया। उन्होंने सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों को 05 अक्तूबर तक लंबित खेल मैदानों का प्रस्ताव समर्पित करने का निर्देश दिया, ताकि समय पर खेल मैदानों की स्वीकृति की जा सके।

उप विकास आयुक्त सह सदर अनुमंडल पदाधिकारी रवि आनंद आवास प्लस के लंबित कार्यों को गंभीरता से लेते हुए वैसे लाभुकों जिनके खातों का सत्यापन हो चुका है उन्हें प्राथमिकता के आधार पर प्रथम किश्त की राशि का भुगतान सुनिश्चित करने पर बल दिया।
बैठक में उपायुक्त शिशिर कुमार सिन्हा सहित उप विकास आयुक्त सह सदर अनुमंडल पदाधिकारी रवि आनंद, अनुमंडल पदाधिकारी बसिया संजय पी.एम कुजूर, अनुमंडल पदाधिकारी चैनपुर प्रीतिलता किस्कू, जिला पंचायत राज पदाधिकारी मोनिका रानी टूटी, डीपीएम जिला पंचायत शाखा, शशि किरण मिंज, प्रखंड विकास पदाधिकारी गुमला/ सिसई/ बिशुनपुर/ रायडीह/ पालकोट/ बसिया/ कामडारा/ चैनपुर, अंचलाधिकारी गुमला/ बसिया/ कामडारा, प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी घाघरा, एपीओ डीआरडीए इर्फान व अन्य उपस्थित थे।