साहिबगंज ( उधवा ) । प्रखंड क्षेत्रों में गैर कानूनी तरीके से अनुसूचित जनजाति का लाभ लेने पर रोक लगाने को लेकर मंगलवार को दर्जनों ग्रामीणों ने आवेदन में हस्ताक्षर कर अंचलाधिकारी उधवा को एक आवेदन सौंपा है।जिसमे ग्रामीण ईश्वर मुर्मू, रागन हेंब्रम, नाईकी टुडू,गुपिन हेंब्रम,जेठा मरांडी, नाजिर हेंब्रम,तालामय मुर्मू समेत दर्जनों ने आरोप लगाया है की अनुसूचित जनजाति को केंद्र तथा राज्य सरकार द्वारा जो आरक्षण दिया जा रहा है,उसके आदिवासी परंपरा संस्कृति के जो नियम लागू है उस नियम को ताक पर रखकर गैर आदिवासी समुदाय के लोगों द्वारा अनुचित लाभ उठाया जा रहा है।साथ ही ग्रामीणों ने बताया की इसका लाभ त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में भी लेने की तैयारी गैर आदिवासी के द्वारा किया जा रहा है।इसके तहत आदिवासी लड़कियों को बहला फुसलाकर गैर आदिवासी द्वारा किया जा रहा है।साथ ही मुखिया,पंचायत समिति तथा अन्य पदों पर चुनाव लड़ाकर लाभ लिया जाता है।वही आरक्षण का उद्देश्य एसटी संथाल का सामाजिक आर्थिक विकास करना है।ऐसे में गैर आदिवासी समुदाय से शादी करने वाली लड़कियों का धर्म परिवर्तन हो जाता है।जो सरना धर्म के विपरीत है।ऐसे में महिलाओं को पिता की जाती को आधार मानकर जाति प्रमाण पत्र निर्गत करने पर अंचल कार्यालय द्वारा रोक लगाने की मांग आदिवासी समाज द्वारा किया जाता है। साल जी मसना पंचायत के बांस भैया गांव में एक गैर आदिवासी परिवार अनुचित रूप से एसटी का प्राणपत्र निर्गत कराकर नौकरी प्राप्त कर लिया है।