हजारीबाग । भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के राष्ट्र सचिव कामरेड भुनेश्वर प्रसाद मेहता ने प्रेस कॉन्फ्रेंस जारी कर रेलवे साइडिंग बानादाग एवं कुसुंभा में महिलाओं एवं पुरुषों पर लाठीचार्ज का विरोध करते हुए कहा कि प्रशासन ने लापरवाही एवं अकर्मण्यता का परिचय दिया है। जिसके कारण या घटना घटी जिससे दर्जनों पुरुष व महिलाएं घायल है। बीते दिन किसान बेरोजगार संघर्ष समिति बानादाग आंदोलन के परिपेक्ष में राज्य सचिव एवं पूर्व सांसद भुनेश्वर प्रसाद मेहता ने जिले के उपायुक्त एवं पुलिस अधीक्षक से बातें हुई थी । मुख्य मांगों के लिए प्रतिनिधि आए और बात करें तब तक कोई कार्यवाही नहीं की जाएगी। इस पर आंदोलनकारियों के द्वारा विचार विमर्श किया ही जा रहा था। इसके पहले ही पूर्वाग्रह से ग्रसित पुलिस द्वारा लाठीचार्ज किया गया। उन्होंने कहा कि प्रशासन को चाहिए कि किसानों को हो रहे नुकसान की भरपाई जमीन का मुआवजा उनके आश्रितों को नौकरी प्रशासन द्वारा किया गया फर्जी मुकदमा वापस ले। सम्मत तरीके से शेडिंग का संचालन के लिए 22 फीट का दीवार एनजीटी के नियमों का पालन करें और संघर्षरत बेरोजगार संघर्ष समिति के प्रतिनिधियों को बुलाकर सम्मान वार्ता अभिलंब करें। इस घटना की निंदा भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी पुरजोर विरोध के साथ किया । इस आंदोलन के समर्थन में भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी को अगर धरना पर भी बैठना पड़े तो बैठेगी। इस बैठक में भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के सहायक जिला मंत्री महेंद्र राम एवं नियाज अंसारी, नगर मंत्री चांद खान, अधिवक्ता शंभू कुमार, प्रवीण कुमार मेहता, स्वदेशी पासवान, शौकत अनवर, इम्तियाज खान इत्यादि मौजूद थे