लोहरदगा l कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता विभाग, झारखंड के निदेश पर आज जिला कृषि कार्यालय की ओर से सेन्हा प्रखंड के एकागुड़ी में कृषि चौपाल का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जिले के उपायुक्त दिलीप कुमार टोप्पो शामिल हुए। कार्यक्रम में लोगों को संबोधित करते हुए उपायुक्त ने कहा कि कृषि का अर्थ अब सिर्फ परंपरागत फसलों की ही खेती करना भर नहीं है। अब कृषि के साथ पशुपालन, मत्स्यपालन, व्यवसायिक कृषि भी शामिल है। हमारे पूर्वज भी पहले कृषि कार्य ही करते थे, नौकरी नहीं। हम लोग और हमारे पूर्वज कृषि की ही बदौलत यहां तक पहुंचे। लेकिन अब आवश्यकताएं बढ़ गयी हैं। अब सिर्फ भोजन की ही नहीं बल्कि नकद राशि की भी जरूरत है। बच्चों की पढ़ाई लिखाई और शादी-ब्याह में काफी पैसा खर्च होता है। इन आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए अब जरूरी है कृषि क्षेत्र में आय के सभी स्रोतों को अपनाना। हमें कृषि व इससे जुड़े सभी उद्योग-व्यवसाय में विकास करने की जरूरत है। आदिकाल की आवश्यकतायें कम थीं। अब सिर्फ धान की खेती से काम नहीं चलेगा। वैसी फसल करनी होगी जिसमें आमदनी ज्यादा हो। आज कई किसान गन्ना, सब्जी, स्ट्रॉबेरी, आलू आदि की खेती कर रहे हैं जो अच्छा संकेत है आने वाले वर्षों के लिए। किसानों का विकास ऐसे ही होगा।

सही समय पर मिला बीज

उपायुक्त ने कहा कि इस वर्ष जब किसानों को धान के बीज की आवश्यकता था बीचड़ा छींटने के लिए, तब किसानों को सही समय पर बीज मिल गया। जिले के सभी प्रखंडों के किसानों को इसका फायदा मिला। सहकारिता और कृषि विभाग के द्वारा यह कार्य समय पर पूरा किया गया। किसानों की ओर से किसी प्रकार की शिकायत नहीं आयी। पैदावार भी बढ़ा। किसानों को कीटनाशक और खाद भी सही समय पर मिला। पहले के वर्षों में बमुश्किल खाने भर ही धान की खेती हो पाती थी। खाने को अन्न की कमी हो जाती थी। अब किसान अपने खाने भर का अनाज रख कर उसे लैम्प्स में बेच भी पा रहे हैं जिसका उन्हें 20.50 रुपये/किग्रा की दर मूल्य भी दिया जा रहा है। हम लोगों ने जिले में 15 धान अधिप्राप्ति केंद्र बनाए हैं जहाँ किसान अपना धान बेच सकते हैं। इस वर्ष भी छुटे हुए किसान अपना निबंधन लैम्प्स में करायें और अपना धान वहां जमा कराएं। तौल के अनुसार उस धान की कीमत आपके बैंक खाते में डाल दी जाएगी।

अपने मिट्टी की जांच कराएं

उपायुक्त ने कहा कि किसान अपने मिट्टी की जांच कराएं और मिट्टी के स्वास्थ्य के अनुसार उसमें खेती करें। अगर मिट्टी में किसी तत्व की कमी है तो उसका उपचार भी किया जाता है। मिट्टी के उपचार के बाद उसकी उर्वरा शक्ति अपने आप बढ़ जाएगी।

सामूहिक कृषि करें

कृषि का फायदा तब है जब आप सामूहिक खेती करते हैं। अगर सब लोग मिलकर के खेती करेंगे उसका फायदा मिलेगा। उत्पादन का बेहतर मूल्य मिलेगा। लोगों मुर्गी, बकरी, सूकर, बत्तख, गाय पालन, मत्स्य पालन आदि फार्मिंग कार्य करें। कम पशुओं से शुरुआत करें और उसकी संख्या बढ़ाएं। तालाब आदि में मछली पालन करें। फूलों की खेती करें जिसका बाजार आसानी से उपलब्ध है। किसानों को व्यवसायिक होना होगा। मुख्यमंत्री पशुधन विकास योजना में अनुदानित दर पर मुर्गी, बकरा-बकरी,सूकर, बत्तख चूजा आदि दिए जा रहे हैं। पशु शेड भी मनरेगा से बनवाया जा रहा है। आप कार्यालय में जा कर योजनाओं की जानकारी व उसका लाभ ले सकते हैं। अभी भी जिले में राशन कार्ड बनाया जा रहा है। जो योग्य परिवार छुटे हुए हैं वे अपने संबंधित प्रखंड कार्यालय में आवेदन दे सकते हैं।

15 दिनों में लगाया जाएगा स्वेटर उद्योग

उपायुक्त ने कहा कि अगले 15 दिनों में सेन्हा प्रखंड में एक स्वेटर उद्योग की स्थापना की जाएगी। इस केंद्र में अभी शुरुआत में स्कूली छात्र-छात्राओं का स्वेटर निर्माण किया जाएगा। इसमें क्षेत्रीय लोगों को रोजगार मिल सकेगा। अभी किस्को प्रखंड में एक औद्योगिक सिलाई केंद्र का संचालन किया जा रहा है जहां की महिलाएँ स्वावलंबी बन चुकी हैं और आय अर्जित कर रही हैं।
इस तरह से अगर हम लोग सब लोग मिलकर के प्रयास करेंगे तो निश्चित रूप से आगे बढेंगे।

टीकाकरण में सहयोग करें लोग, दूसरा डोज अवश्य लें

कार्यक्रम में सदर अस्पताल उपाधीक्षक डॉ शम्भूनाथ चौधरी ने कहा कि जिले में टीकाकरण की संख्या जितनी होनी चाहिए उसके अनुपात में हैं पीछे हो रहे हैं। इसमें आम लोगों के सहयोग की आवश्यकता है। लोग टीकाकरण में जितना बढ़-चढ़ कर भाग लेंगे, टीकाकरण की स्थिति सुधरेगी। यूरोपीय देशों, हमारे पड़ोसी देश चीन में कोरोना वायरस का प्रकोप एक बार फिर शुरू हो गया है। हमारे देश में भी यह ना फैले इसके लिए जितना जल्दी हो सके शत-प्रतिशत टीकाकरण जरूरी हो गया है। जिले में नवंबर माह में 1,2 व 3 को विशेष अभियान चलाया जाएगा जिसमे जो लोग अभी भी कोविड का टीका नहीं लिए हैं वे आगे आ कर अपना टीका लें।

आज के कार्यक्रम में जिला सहकारिता पदाधिकारी जगमनी टोपनो, उद्यान पदाधिकारी एमलेन पुर्ति, जिला मत्स्य पदाधिकारी अंजली कुमारी, कृषि विज्ञान केंद्र के डॉ. राकेश रंजन ने अपने-अपने विभाग से संचालित योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी।

आज के कार्यक्रम में अनुमंडल पदाधिकारी अरविंद कुमार लाल, जिला क़ृषि पदाधिकारी शिव कुमार राम, कार्ययपालक दंडाधिकारी अमित बेसरा जिला पशुपालन पदाधिकारी अनूप कुमार आदि उपस्थित थे।