हजारीबाग । बुधवार की अहले सुबह रांची का एक परिवार हजारीबाग में दुर्घटनाग्रस्त हो गया जिससे इस परिवार के 8 लोग बुरी तरह घायल हो गए। रांची का यह उरांव परिवार अपने रिश्तेदार हजारीबाग के बेस ग्राम के यहां से शादी समारोह में शरीक होकर स्कॉर्पियो से रांची वापस लौट रहे थे। तभी एनएच -33 के हत्यारी मोड़ और चरही घाटी के बीच इनकी गाड़ी दुर्घटनाग्रस्त हो गई। सभी घायलों को स्थानीय लोगों और पुलिस के जवानों के सहयोग से इलाज के लिए हजारीबाग मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया। यह परिवार वनवासी कल्याण केंद्र से जुड़ा हुआ है। ऐसे में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ कार्यालय को जब इसकी सूचना मिली तो तत्काल संघ से जुड़े श्रद्धानंद सिंह समेत कई लोग अस्पताल पहुंचे। हजारीबाग सदर विधायक मनीष जायसवाल ने भी तत्काल इस परिवार के सहयोग के लिए अपने मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी को अस्पताल भेजा। जहां चिकित्सकों से दिखवाकर इनके परिजनों के आग्रह पर यहां से उनके स्वेक्षा के अनुरूप बेहतर इलाज के लिए सभी को रांची ले गए ।

मौके पर हजारीबाग सदर विधायक मनीष जायसवाल के मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने
हजारीबाग मेडिकल कॉलेज अस्पताल के तीन मंजिला भवन कई महत्वपूर्ण वार्ड और चिकित्सा से जुड़ा संयंत्र स्थापित होने के बावजूद इस दो मंजिला भवन में लगे दो लिफ्ट खराब होने से मरीजों को हो रही समस्या से अस्पताल प्रबंधन को अवगत कराया है और तत्काल इस समस्या के निराकरण कराने का आग्रह किया है। उन्होंने कहा कि इसी भवन में लेबर रूम, गाइनी ओटी, सर्जरी ओटी, ऑर्थो ओटी, फीमेल मेडिकल वार्ड, मेल ऑर्थो वार्ड, फीमेल सर्जिकल वार्ड, चाइल्ड वार्ड,मेटरनिटी वार्ड, एसएनसीयू जैसी प्रमुख स्वास्थ्य व्यवस्था उपलब्ध है और यहां करीब 200 से अधिक बेड लगे हैं। बावजूद इसके यहां का लिप्ट का काम नहीं करना लापरवाह अस्पताल प्रबंधन की कार्यशैली को बखूबी बयां करता है। मरीज के परिजन तीन मंजिले तक खुद स्ट्रेचर ढोकर मरीज को पहुंचाते हैं । ऐसे में मरीज और उनके परिजन दोनों को बहुत परेशानी का सामना करना पड़ता है ।