लोहरदगा। उपायुक्त दिलीप कुमार टोप्पो की अध्यक्षता में कोविड-19 के प्रसार को रोकने, बचाव, रोकथाम, समुचित नियंत्रण हेतु कोविड-19 जांच के पुनरीक्षित लक्ष्य निर्धारण, उचित नमूना संग्रह तथा सघन निगरानी करने से संबंधित आज महत्वपूर्ण बैठक समाहरणालय सभागार में आयोजित हुई। बैठक में विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा की गई व दिशा-निदेश दिये गये।

बैठक में उपायुक्त द्वारा स्वास्थ्य विभाग को प्रतिदिन 2500 (ढाई हजार) कोविड जांच के लिए नमूना इकट्ठा किये जाने का निदेश दिया गया। इसमें आरएटी माध्यम से 1000 और आरटीपीसीआर माध्यम से 1500 नमूना इकट्ठा किया जाना है। ट्रू-नेट किट का उपयोग कोविड-19 जांच के इमरजेंसी केस, डेथ केस में किया जाय।जिन लोगों का आरएटी नमूना जांच का परिणाम पॉजिटिव आयेगाउनका आरटीपीसीआर नमूना को लेकर आइएलएस, भुवनेश्वर भेजे जाने का निदेश दिया गया।

पंचायत स्तर पर स्टैटिक आरएटी बूथ तैयार करें

सभी प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारियों को कोविड-19 जांच हेतु पंचायत स्तर पर एक-एक स्टैटिक आरएटी बूथ तैयार किये जाने का निदेश दिया गया। उपायुक्त ने कहा कि लक्ष्य के अनुरूप जांच में गति लायी जाय। ओमिक्रोन प्रभावित दूसरे देशों या अन्य राज्यों यथा महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल, केरल, दिल्ली, कर्नाटक आदि से जिले में आए हुए व्यक्तियों तथा उनके संपर्क में आये हुए व्यक्तियों की ट्रेवल हिस्ट्री, कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग तथा लक्षण के आधार पर उनका कोविड-19 की जांच हेतु नमूना एकत्रित किया जाय। जो व्यक्ति कोरोना पॉजिटिव पाये जाते हैं उनके 30 संभावित कॉन्टैक्ट की पहचान कर उनकी तत्काल जांच सुनिश्चित की जाय। होम आइसोलेशन के अतिरिक्त अन्य आइसोलेशन सेंटर भी विकसित किये जाायें। प्रत्येक सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में मरीजों के लिए बेड तैयार कर लिया जाय। आवश्यकतानुसार कन्टेंन्मेंट जोन व माइक्रो कन्टेन्मेंट जोन विकसित किये जायें। स्लम एवं स्लम जैसी बस्तियों, हाट बाजार इत्यादि में अवस्थित लोगों का वैन के माध्यम से कैंप करा कर जांच हेतु सैंपल कलेक्शन की व्यवस्था की जा सकती है। आइसोलेशन में रहने वाले मरीजों से नियमित रूप से बातचीत की जाय ताकि उनके वास्तविक स्थिति की जानकारी हो सके।

जांच किट की मांग करें

बैठक में सदर अस्पताल उपाधीक्षक डॉ शंभूनाथ चौधरी ने बताया कि जिले में कोविड नमूना की जांच करने के लिए आरएटी किट की कमी हो सकती है जबकि ट्रूनेट किट की आपूर्ति नहीं है। आरटीपीसीआर किट मात्र 3700 ही उपलब्ध हैं। इस बिंदु पर उपायुक्त द्वारा निदेश दिया गया कि एनआरएचएम प्रबंध निदेशक से किट संबंधी आवश्यकता की आपूर्ति के लिए एक मांग पत्र जिला स्तर से भेजा जाय ताकि जांच के लक्ष्य को निर्बाध रूप से प्राप्त किया जा सके।

ऑक्सीजन सिलिंडर तैयार रखें, पीएसए ऑक्सीजन प्लांट प्रारंभ कराये

उपायुक्त द्वारा निदेश दिया गया कि जिले में उपलब्ध सभी ऑक्सीजन सिलिंडर को भर कर आपात स्थिति के लिए तैयार कर लिया जाय। चिरी, और सेन्हा स्थित पीएसए ऑक्सीजन प्लांट प्रारंभ करा लिया जाय साथ ही भंडरा के मेनी फोल्ड ऑक्सीजन की शुरुवात कर जांच कर ली जाय। चिरी स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, हिरही स्थित समर्थ आवासीय विद्यालय, कस्तूरबा जनजातीय छात्रावास, बसारडीह स्थित अस्पताल, कल्याण आवासीय विद्यालय, ब्रह्मडीहा स्थित विद्यालय को आपात स्थिति के लिए तैयार किया जाय ताकि कोविड से प्रभावित गंभीर मरीजों को उक्त स्थानों में भर्ती किया जा सके। इसके लिए बेड भी तैयार रखें।
मास्क और दूरी का अनुपालन सुनिश्चित कराएं

बैठक में उपायुक्त द्वारा निदेश दिया गया कि दोपहिया वाहन चालक अगर बिना मास्क व हेल्मेट के वाहन चलाते हुए पाये जाते हैं तो उन पर कार्रवाई हो। इसके अलावा ट्रिपल राइडिंग, ओवर स्पीडिंग वालों पर भी कार्रवाई हो। जिले में कार्यरत जो भी सरकारी कर्मी अन्य जिलों से आते हैं उन्हें जिला में ही रह कर कार्य करने का निदेश दिया गया।ट्रैन से आने जाने वालो पर विशेष जांच की जाय। इसके अलावा जिला में कार्यरत कंट्रोल रूम को सक्रिय करने, कोविड-19 संक्रमण की पुष्टि होने व अधिक संख्या में संक्रमित पाये जाने वाले क्षेत्र को क्लस्टर के रूप में चिन्हित करने व चिन्हित क्षेत्रों की सघन निगरानी का निदेश दिया गया। प्रखण्ड स्तर पर नियमित रूप से कोविड टास्क फोर्स की बैठक करने, सार्वजनिक क्षेत्रों में मास्क, सामजिक दूरी का पालन कराने, सैनिटाइजर का इस्तेमाल कराने का निदेश प्रखण्ड विकास पदाधिकारी व अंचल अधिकारियों को दिया गया।
सदर अस्पताल उपाधीक्षक को एक सप्ताह के भीतर विभिन्न रिक्त पदों के लिए नियुक्ति प्रक्रिया को पूर्ण करने का निदेश दिया गया ताकि कर्मियों की कमी को दूर किया जा सके।

15-18 वर्ष के सभी योग्य लोगों को करें वैक्सीनेट

उपायुक्त ने कहा कि आज से 15-18 वर्ष के योग्य बच्चों का टीकाकरण प्रारंभ कर दिया गया है। इसमें सभी योग्य लोगों का टीकाकरण सुनिश्चित करें। जो विद्यालय और इंटर कॉलेज के बच्चे इसके दायरे में आते हैं उन्हें निश्चित रूप से टीकाकरण किया जाये।

उपायुक्त ने कहा कि जांच के लिए जिला को प्राप्त लक्ष्य व टीकाकरण में अगर किसी प्रकार की लापरवाही होती है तो संबंधित पदाधिकारी व कर्मी के उपर कार्रवाई की जायेगी और लक्ष्य प्राप्त नहीं होने का कारण उन्हें ही माना जायेगा।समेकित बाल विकास परियोजना,सहिया,जे एस एल पी एस,तेजस्विनी परियोजना की टीम को भी कार्य मे भागीदारी हेतु तैयार करने का निर्देश दिया गया।जिला शिक्षा अधीक्षक/जिला शिक्षा पदाधिकारी को निर्देश दिया गया कि 15 वर्ष से ऊपर के योग्य बच्चों का वैक्सीनेशन प्रारम्भ है ,इसके लिए शिक्षकों की जवाबदेही तय करें। पुनः उपायुक्त ने कहा कि निदेशानुसार पांच रणनीति टेस्ट,ट्रैक, ट्रीट ,आईसोलेट तथा वैक्सीनशन का अनुपालन सुनिश्चित करें।

बैठक में अपर समाहर्ता अखौरी शशांक सिन्हा, अनुमण्डल पदाधिकारी अरविंद कुमार लाल, पुलिस उपाधीक्षक मुख्यालय परमेश्वर प्रसाद, सदर अस्पताल उपाधीक्षक डॉ शंभूनाथ चौधरी, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी मनीषा तिर्की, जिला परिवहन पदाधिकारी अमित बेसरा, नगर पर्षद कार्यपालक पदाधिकारी देवेंद्र कुमार, डीडीएमओ विभाकर कुमार, सभी प्रखण्ड विकास पदाधिकारी, सभी अंचल अधिकारी, चिकित्सा प्रभारी, एपीडेमियोलॉजिस्ट प्रशांत चौहान, डीडीएम जाहिद, डीपीएम नाजिश अख्तर व अन्य उपस्थित थे।