लोहरदगा। लोहरदगा जिले के पेशरार प्रखंड स्थित केरार गाँव में चौपत नदी के समीप मौजूद प्राकृतिक कुंड अपनी अद्भुत विशेषताओं और मनमोहक सौंदर्य के कारण लोगों के आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। चारों ओर ऊंचे-ऊंचे पहाड़ों और घने जंगलों से घिरा यह स्थल प्रकृति प्रेमियों के लिए किसी स्वर्ग से कम नहीं है। यहां का विहंगम दृश्य लोगों का मन मोह लेता है और आने वाले पर्यटकों को बार-बार यहां आने के लिए प्रेरित करता है।
स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार चौपत नदी के बीचों-बीच स्थित इस कुंड से लगातार जल का प्रवाह होता रहता है। इस जल की सबसे अनोखी विशेषता यह बताई जाती है कि गर्मी के मौसम में इसका पानी ठंडा तथा ठंड के मौसम में अपेक्षाकृत गर्म महसूस होता है। ग्रामीणों का मानना है कि इस कुंड के जल में औषधीय गुण मौजूद हैं और इसमें स्नान करने से चर्म रोग, शरीर में खुजली, फुंसी सहित अन्य त्वचा संबंधी समस्याओं में लाभ मिलता है। हालांकि इस संबंध में किसी चिकित्सकीय पुष्टि की जानकारी उपलब्ध नहीं है, लेकिन वर्षों से स्थानीय लोगों की आस्था इस कुंड से जुड़ी हुई है।
यह प्राकृतिक स्थल पेशरार प्रखंड मुख्यालय से लगभग 10 से 12 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। यहां तक पहुंचने की यात्रा भी काफी रोमांचकारी और यादगार मानी जाती है। रास्ते में घने जंगल, पहाड़ी क्षेत्र और प्राकृतिक नजारों का आनंद पर्यटकों को विशेष अनुभव प्रदान करता है।
जय श्रीराम समिति के जिला संरक्षक अजय सोनी एवं ओम महतो ने बताया कि चौपत नदी और कुंड का यह क्षेत्र अत्यंत सुंदर एवं मनमोहक है। उन्होंने कहा कि यहां की यात्रा अपने आप में एक अलग अनुभव


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